एक बलूत का फल कभी इतना पुराना नहीं होता कि अंकुरित न हो सके।

पेम्बा उमोजा द्वारा एक सूक्ति

कहानी “बलूत का फल” से

एक बलूत का फल कभी इतना पुराना नहीं होता कि अंकुरित न हो सके।
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