लागो फ़्रियो

एक झील जो अपने ठंडे नाम से परे है

लागो फ़्रियो — a poem by Pemba Umoja

जिसने भी इसका नाम 'ठंडी झील' रखा
वह गर्मियों में यहाँ नहीं था
जब गल आते हैं
गर्मियों की किरणों में धूप सेंकने
पिघली हुई पन्ने सी झील पर
हिमनद के नीचे झिलमिलाती हुई

A poem by Pemba Umoja